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मिथुन राशि में बुध का गोचर 2025

बुध गोचर 2025: 06 जून को बुध वायु तत्व की राशि मिथुन में प्रवेश करेगा- जानिए किसे मिलेगी बोलने में कुशलता, किसके करियर में आएगी तेजी और किन लोगों को रखना होगा संयम।

06 जून 2025 को बुध, जिसे वाणी, बुद्धि, तर्क, व्यापार, संचार और गणनात्मक क्षमता का कारक माना जाता है, वृषभ राशि से निकलकर मिथुन राशि में प्रवेश करेगा। बुध की यह स्थिति विशेष मानी जाती है, क्योंकि मिथुन राशि बुध की स्वराशि है, यहाँ बुध स्वयं को सबसे अधिक प्रबल और सशक्त रूप में व्यक्त करता है।

यह गोचर केवल एक खगोलीय परिवर्तन नहीं है, बल्कि यह मनुष्यों के जीवन के कई अहम पहलुओं को सीधे प्रभावित करेगा- जैसे कि संचार शैली, मानसिक चपलता, निर्णय लेने की क्षमता, व्यवसायिक कौशल, तकनीकी समझ और सामाजिक व्यवहार आदि।

इस समय कुछ राशि वाले अपनी वाणी और विवेक से असंभव को संभव बनाते दिखाई देंगे, तो कुछ को अपने शब्दों और विचारों पर संयम रखने की सीख मिलेगी। व्यापार, मीडिया, लेखन, शिक्षा और इंटरनेट से जुड़े क्षेत्रों में यह गोचर नए अवसरों और उन्नति के द्वार खोल सकता है।

जहाँ कुछ राशियों को नौकरी में तरक्की और व्यापार में नई दिशा मिलेगी, वहीं कुछ के लिए यह समय आत्मनिरीक्षण और विचारों की स्पष्टता लाने का होगा। बुद्धि और वाणी के इस गोचर के दौरान, छोटी बातें बड़ा असर डाल सकती हैं, इसलिए शब्दों का चयन सोच-समझकर करना होगा।

यह समय आपके भीतर छिपी तार्किक शक्ति और संवाद की कला को जागृत करने का है। साथ ही, यह गोचर आपकी सोचने की दिशा, सामाजिक संपर्क और व्यावसायिक कौशल को भी मजबूती प्रदान करेगा।

क्या बुध के इस शुभ गोचर से आपकी किस्मत को नई दिशा मिलेगी? जानिए अपनी राशि के अनुसार अपना राशिफल।

मेष-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, मेष राशि के जातकों के लिए आर्थिक और मानसिक रूप से अनुकूल रहेगा। इस समय धन लाभ के योग बनेंगे और आय के नए स्रोत खुल सकते हैं। आपकी मेहनत रंग लाएगी और कार्यक्षेत्र में परिणाम भी सकारात्मक दिखाई देंगे। वाणी में प्रभाव बढ़ेगा, जिससे संचार से जुड़े कार्यों में सफलता मिल सकती है। स्वास्थ्य भी सामान्य रूप से बेहतर रहेगा, मानसिक स्पष्टता और ऊर्जा बनी रहेगी।
क्या करें:

  • आर्थिक योजनाओं और निवेश के मामलों में सूझबूझ से निर्णय लें।
  • अपने विचारों को स्पष्टता और आत्मविश्वास के साथ व्यक्त करें।
  • इस समय को ज्ञान, कौशल और पेशेवर विकास के लिए उपयोग करें।
क्या न करें:
  • आय के नए स्रोत मिलने पर अति उत्साहित होकर जोखिम न लें।
  • व्यर्थ की बहस या कठोर वाणी से बचें, यह संबंधों में खटास ला सकती है।
  • बिना योजना के कोई भी बड़े निर्णय न लें, विशेषकर आर्थिक मामलों में।

वृष राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, वृष राशि के जातकों के लिए मिला- जुला प्रभाव लेकर आएगा। इस अवधि में विदेश यात्रा या विदेश से जुड़े कार्यों में प्रगति के योग बन सकते हैं। सरकारी क्षेत्र से लाभ मिलने की संभावनाएं भी प्रबल हैं, विशेषकर यदि आप प्रशासनिक या दस्तावेज़ी कामकाज से जुड़े हैं।
हालांकि सुख-सुविधाओं में कुछ कमी महसूस हो सकती है, और जीवनशैली में असंतुलन उत्पन्न हो सकता है। स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहना आवश्यक होगा, विशेष रूप से गले, गला-संक्रमण या पाचन संबंधी समस्या की आशंका रह सकती है।
क्या करें:
  • विदेश से जुड़ी योजनाओं को सक्रिय रूप से आगे बढ़ाएं।
  • सरकारी दस्तावेज़ों और कामकाज को समय पर पूरा करें।
  • दिनचर्या और खानपान को संतुलित रखें।
क्या न करें:
  • अनावश्यक खर्चों और विलासिता की आदतों से बचें।
  • स्वास्थ्य को नजरअंदाज न करें, विशेष रूप से बदलते मौसम में।
  • अपनी योजना बिना तैयारी के सार्वजनिक न करें।

मिथुन राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, मिथुन राशि के जातकों के लिए अत्यंत शुभ साबित होगा, क्योंकि यह स्वयं बुध की राशि है। इस समय आपकी बुद्धि, वाणी और विचारों में स्पष्टता व प्रभाव देखने को मिलेगा। उच्च शिक्षा से जुड़े प्रयासों में सफलता मिलेगी और व्यवसाय में भी सकारात्मक परिणाम प्राप्त होंगे।
आपकी संप्रेषण शक्ति इतनी प्रभावशाली रहेगी कि केवल संवाद के माध्यम से आप कई कार्यों को सहजता से पूरा कर पाएंगे। व्यावसायिक मीटिंग्स, इंटरव्यू या क्लाइंट डीलिंग में यह समय विशेष लाभदायक रहेगा।
क्या करें:
  • शिक्षा, लेखन, संवाद और व्यापार से जुड़ी योजनाओं को आगे बढ़ाएं।
  • अपनी वाणी का सकारात्मक उपयोग करें, यही आपकी सबसे बड़ी शक्ति होगी।
  • नई योजनाओं को लेकर आत्मविश्वास बनाए रखें।
क्या न करें:
  • जल्दबाज़ी में कोई व्यावसायिक निर्णय न लें।
  • किसी को कम आंकने या आलोचना से बचें।
  • मानसिक रूप से खुद को ज़रूरत से ज़्यादा बोझिल न बनाएं।

कर्क राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, कर्क राशि के जातकों के लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण रह सकता है। इस समय कार्यस्थल या सामाजिक जीवन में विरोधियों की सक्रियता बढ़ सकती है, इसलिए सावधानीपूर्वक व्यवहार करना आवश्यक होगा। वाणी पर संयम न रखने की स्थिति में वरिष्ठों या परिवार के किसी बड़े सदस्य से मतभेद की आशंका हो सकती है।
यह अवधि मानसिक तनाव या उलझनों से भरी हो सकती है, अतः किसी भी विवाद या टकराव से दूर रहना ही बुद्धिमानी होगी। शांत और रणनीतिक दृष्टिकोण अपनाकर आप परिस्थितियों को नियंत्रण में रख सकते हैं।
क्या करें:
  • हर परिस्थिति में धैर्य और विवेक से काम लें।
  • वरिष्ठ और परिवारजनों के साथ सम्मानजनक संवाद बनाए रखें।
  • कार्यक्षेत्र में गोपनीयता और रणनीति पर फोकस करें।
क्या न करें:
  • तीखी वाणी या जल्दबाज़ी में कोई प्रतिक्रिया न दें।
  • विरोधियों के उकसावे में आकर कोई निर्णय न लें।
  • अहं या ईगो के कारण रिश्तों में दूरी न आने दें।

सिंह राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, सिंह राशि के जातकों के लिए सामान्य अर्थात मिश्रित फलदायी रहेगा। कार्यक्षेत्र में उन्नति और प्रगति के संकेत तो मिलेंगे, लेकिन उसके साथ-साथ कुछ चुनौतियाँ भी सामने आ सकती हैं। इस दौरान पिता या वरिष्ठजनों के साथ विचारों में टकराव की संभावना बनी रहेगी, अतः सम्मानजनक संवाद बनाए रखना आवश्यक होगा।
सामाजिक या पेशेवर जीवन में किसी प्रकार की आलोचना या अपयश का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए किसी भी सूचना या वाणी को सोच-समझकर व्यक्त करें। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें, विशेषकर पेट या पाचन संबंधी समस्याओं से सतर्क रहें।
क्या करें:
  • वरिष्ठों से संवाद करते समय विनम्रता बनाए रखें।
  • कार्यस्थल पर अपने कौशल का सकारात्मक प्रदर्शन करें।
  • स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें और संतुलित दिनचर्या अपनाएं।
क्या न करें:
  • क्रोध या अहंकार में आकर कोई प्रतिक्रिया न दें।
  • बिना पुष्टि के कोई सूचना साझा न करें।
  • काम के दबाव में खुद की सेहत को नजरअंदाज न करें।

कन्या राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, कन्या राशि के जातकों के लिए कुछ मानसिक उलझनें और अस्थिरता ला सकता है। यह समय भावनात्मक संवेदनशीलता बढ़ा सकता है, जिससे निर्णय लेने में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। आलस्य या कार्य के प्रति अनदेखी के कारण कुछ महत्त्वपूर्ण अवसर हाथ से निकल सकते हैं, इसलिए समय प्रबंधन और एकाग्रता पर विशेष ध्यान देना आवश्यक होगा।
माता के स्वास्थ्य को लेकर थोड़ी चिंता रह सकती है,उनकी देखभाल व भावनात्मक समर्थन ज़रूरी होगा। साथ ही, अचानक खर्चों में वृद्धि की संभावना भी बनी हुई है, अतः आर्थिक मामलों में सतर्कता जरूरी है।
क्या करें:
  • मानसिक संतुलन बनाए रखने के लिए ध्यान और नियमित दिनचर्या अपनाएं।
  • माता के स्वास्थ्य व स्थिति का ध्यान रखें।
  • अनावश्यक खर्चों से बचें और बजट प्लानिंग पर ध्यान दें।
क्या न करें:
  • निर्णय लेने में जल्दबाज़ी या अत्यधिक सोच-विचार से बचें।
  • कार्यों को टालने या आलस्य की प्रवृत्ति को बढ़ावा न दें।
  • भावनात्मक प्रतिक्रिया में आकर कोई आर्थिक निर्णय न लें।

तुला राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, तुला राशि के जातकों के लिए धन लाभ के अच्छे अवसर लेकर आ रहा है। इस समय नई-नई चीजें खरीदने का मौका मिलेगा, जिससे जीवन में सुख-सुविधाओं का विस्तार होगा। प्रेम संबंधों में सफलता प्राप्त होगी और रिश्तों में मजबूती आएगी जिससे मन प्रसन्न रहेगा। शिक्षा के क्षेत्र में भी उन्नति होगी, जो भविष्य के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेंगे। संतान से प्रसन्नता मिलेगी और परिवार में खुशहाली बनी रहेगी। साथ ही, स्वास्थ्य की स्थिति अच्छी रहेगी, जिससे दैनिक जीवन में ऊर्जा और उत्साह बना रहेगा।
क्या करें:
  • वित्तीय योजनाओं को सोच-समझकर बनाएं और अनावश्यक खर्चों से बचें।
  • प्रेम और पारिवारिक संबंधों में संवाद बनाए रखें।
  • पढ़ाई और कार्य में नियमितता बनाए रखकर सफलता प्राप्त करें।
क्या न करें:
  • जल्दबाजी में कोई बड़ा निवेश या खर्च न करें।
  • आलस्य और लापरवाही न दिखाएं, समय का सदुपयोग करें।
  • भावनाओं में बहकर कोई निर्णय लेने से बचें।

वृश्चिक राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, वृश्चिक राशि के जातकों के लिए कुछ चुनौतियाँ लेकर आ सकता है। इस समय स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहना आवश्यक होगा, विशेषकर मानसिक तनाव और पुरानी बीमारियों को नज़रअंदाज़ न करें। वाद-विवाद या झगड़ों से दूरी बनाए रखें, क्योंकि किसी कानूनी विवाद या कोर्ट-कचहरी की स्थिति बन सकती है। व्यापार में भी जोखिम की संभावना है, इसलिए सोच-समझकर निर्णय लें और कोई बड़ा निवेश न करें।
क्या करें:
  • स्वास्थ्य की नियमित जांच करवाएं और योग/प्राणायाम को दिनचर्या में शामिल करें।
  • किसी भी दस्तावेज़ या कानूनी प्रक्रिया को सावधानी से समझकर ही आगे बढ़ें।
  • व्यापारिक निर्णयों में धैर्य रखें और अनुभवी लोगों की सलाह लें।
क्या न करें:
  • क्रोध या आवेश में आकर कोई विवाद न करें, वरना बात बढ़ सकती है।
  • बिना सोचे-समझे कोई आर्थिक निर्णय या साझेदारी न करें।
  • किसी भी प्रकार के कानूनी मामले को नज़रअंदाज़ न करें।

धनु राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, धनु राशि के जातकों के लिए कई शुभ संकेत लेकर आ रहा है। इस समय विवाह के प्रबल योग हैं, विशेषकर जो जातक लंबे समय से विवाह का विचार कर रहे थे, उनके लिए यह समय अनुकूल साबित हो सकता है। कुछ सरल उपायों की सहायता से सफलता प्राप्त की जा सकती है। व्यापार में भी धन लाभ के योग बन रहे हैं, विशेष रूप से पार्टनरशिप में किए गए कार्यों से अच्छा लाभ मिलने की संभावना है। यह समय समझदारी और सूझबूझ से कार्य करने का है।
क्या करें:
  • विवाह या साझेदारी से जुड़े निर्णयों में सकारात्मक दृष्टिकोण रखें और सलाह लेकर ही आगे बढ़ें।
  • व्यापार में पारदर्शिता बनाए रखें और पार्टनर के साथ अच्छे संबंध रखें।
  • शुभ कार्यों व उपायों को अपनाएं, जैसे बुधवार के दिन हरे वस्त्र पहनना।
क्या न करें:
  • रिश्तों में जल्दबाज़ी या दबाव में आकर कोई बड़ा निर्णय न लें।
  • व्यापारिक मामलों में लापरवाही या दूसरों पर पूरी तरह निर्भर रहना ठीक नहीं होगा।
  • शुभ अवसरों को हल्के में न लें, समय का सदुपयोग करें।

मकर राशि
बुध का मिथुन राशि में गोचर, मकर राशि के जातकों के लिए मिला-जुला प्रभाव लेकर आ रहा है। इस अवधि में स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहना आवश्यक होगा, विशेषकर छोटी-मोटी बीमारियों या पुराने रोगों को नज़रअंदाज़ न करें। वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें, क्योंकि दुर्घटना की आशंका बन सकती है। ससुराल पक्ष से किसी बात को लेकर मनमुटाव या वैचारिक असहमति हो सकती है, इसलिए संयम से बात करें। वहीं दूसरी ओर, अचानक धन लाभ के योग भी बन रहे हैं, जिससे आर्थिक स्थिति में सुधार हो सकता है।
क्या करें:
  • स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहें और नियमित चेकअप करवाएं।
  • ससुराल पक्ष के साथ संबंधों में विनम्रता और धैर्य बनाए रखें।
  • धन के मामलों में सजग रहें और लाभ के अवसरों को पहचाने।
क्या न करें:
  • वाहन तेज़ गति से न चलाएं या लापरवाही न करें।
  • रिश्तों में कटु शब्दों का प्रयोग न करें, विशेषकर ससुराल पक्ष के साथ।
  • स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं को टालने या अनदेखा करने से बचें।

कुम्भ राशि
बुध का मिथुन राशि में गोचर, कुम्भ राशि के जातकों के लिए शुभ फलदायक सिद्ध होगा। इस अवधि में भाग्य का साथ मिलेगा और रुके हुए कार्यों में गति आएगी। आय में वृद्धि के प्रबल योग बन रहे हैं, जिससे आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। धार्मिक प्रवृत्तियाँ बढ़ेंगी और ईश्वर के प्रति श्रद्धा एवं भक्ति भाव बना रहेगा, जिससे मानसिक शांति प्राप्त होगी।
क्या करें:
  • धार्मिक आस्था बनाए रखें और नियमित रूप से पूजा-पाठ या ध्यान करें।
  • आय के नए स्रोतों की तलाश करें और अवसरों का सही उपयोग करें।
  • रुके हुए कार्यों को पुनः शुरू करें, सफलता मिलने की संभावना है।
क्या न करें:
  • भाग्य के भरोसे पूरी तरह न बैठें, कर्म पर ध्यान देना जरूरी है।
  • आय बढ़ने पर फिजूलखर्ची से बचें।
  • धार्मिक विश्वास को लेकर दिखावा या दिखावटी कर्मकांड से बचें।

मीन राशि-
बुध का मिथुन राशि में गोचर, मीन राशि के जातकों के लिए करियर में सकारात्मक बदलाव लेकर आ रहा है। इस समय नौकरी पाने के अच्छे अवसर बन रहे हैं, साथ ही कार्यस्थल पर ट्रांसफर या स्थान परिवर्तन के योग भी प्रबल हैं। आय में वृद्धि और व्यापार में उन्नति के संकेत मिल रहे हैं, जिससे आर्थिक पक्ष मजबूत होगा। हालांकि, पिता या पिता समान व्यक्ति से वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, अतः संबंधों में संयम और समझदारी बनाए रखना आवश्यक होगा।
क्या करें:
  • नौकरी व करियर से जुड़े अवसरों पर ध्यान दें और पूरी तैयारी के साथ आगे बढ़ें।
  • व्यापार में योजनाबद्ध ढंग से कार्य करें और नए संपर्कों का लाभ उठाएं।
  • पिता के साथ संवाद में मधुरता रखें और उनके अनुभवों का सम्मान करें।
क्या न करें:
  • स्थान परिवर्तन या ट्रांसफर के मामलों में जल्दबाज़ी में निर्णय न लें।
  • पिता या वरिष्ठों से टकराव या बहस करने से बचें।
  • आय बढ़ने पर फालतू खर्चों में लिप्त न हों, बचत पर ध्यान दें।

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